Wednesday, June 30, 2010

वाह !!! क्या अदा है ............................................

 ------आपके लिए एक गिफ़्ट है ...................अदा जी की एक गज़ल.................मैने गाई है ..................पर अभी अदा जी से अनुमति नही मांगी है.....
-----पूछ लो, मान तो जायेंगी ही.
------आप देख/सुन ............ लिजिये ...------
------अच्छा गाया है
------ आप अदा जी से अनुमति मांग लें....
------अभी अदा जी से अनुमति ले लेते हैं. .........फोन पर बात कर ली उनसे...परमिशन ग्रान्टेड...अब इत्मिनान से पोस्ट करो.
------या  नीचे चिट्ठी देख लो------
------"बहुत अच्छा लगा सुन कर....किसी और की आवाज़ में अपनी रचना...मेरे लिए ये एक नया अनुभव हुआ यह ..सच में :)
शुक्रिया कहियेगा उनको"...
'अदा'


 आभारी तो मैं हूँ अदा जी आपकी ........जो आपने इसे पसन्द किया......आभार उस मित्र का भी जिसने मेरी मदद की .......

8 comments:

Udan Tashtari said...

बाई द वे, ये किससे बात हुई आपकी?? कुछ पता नहीं चल रहा है..हा हा!!

बढ़िया गाया है!

डा० अमर कुमार said...


आपके मित्र का शुक्रिया
कि उसने इतना अच्छा .. बल्कि बेहतरीन तरीके से गाने में आपकी सहायता की ।
समीर भाई, की चुटकी का ज़वाब भी ग़र मिल जाये तो....

ajit gupta said...

गजलकार और गायक दोनों को ही बधाई।

Archana said...

@समीर जी,मुझे लगा ही था कि उस मित्र का जिक्र न किया तो उसे अखर सकता है ,फ़िर लगा -बडे दिलवाला है....कोई फ़र्क नहीं पडेगा.(भरोसा है -मित्रता पर )
@अमर कुमार जी ,बाई द वे,मित्र ने गाने में कोई कोई सहायता नहीं की है (मैने खुद गाया है )
@अजीत जी,आपका शुक्रिया

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

वाह...!
बहुत खूब!
अदा जी की गजल को आपने बढ़िया ढंग से गाया है!
--
वैसे अदा जी भी एक बढ़िया स्वर की स्वामिनी हैं!
--

'अदा' said...

आपका हृदय से धन्यवाद..इतना मान दिया आपने...
मेरी कविता को इस योग्य समझा...
बहुत सुरीला गाया है आपने....बहुत अच्छा लगा...

गिरीश बिल्लोरे said...

वाह अर्चना जी

manu said...

बहुत अच्छा लगा..आपकी प्यारी आवाज में सुरों की रानी को सुनना...

आपका आभार...